
वाराणसी :- डाक विभाग की ओर से क्षेत्रीय कार्यालय, अहमदाबाद में हिंदी दिवस एवं हिंदी पखवाड़े का शुभारंभ किया गया। उत्तर गुजरात परिक्षेत्र के पोस्टमास्टर जनरल कृष्ण कुमार यादव ने मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का उद्घाटन किया। हिंदी पखवाड़ा 14 से 28 सितंबर 2026 तक आयोजित किया जाएगा।

इस अवसर पर पोस्टमास्टर जनरल कृष्ण कुमार यादव ने कहा कि, हिंदी केवल संवाद और साहित्य की भाषा नहीं है, बल्कि विज्ञान, संचार-क्रांति, सूचना-प्रौद्योगिकी और नवाचार की भाषा भी है। उन्होंने कहा कि हिंदी भारतीय संस्कृति, संस्कारों और जीवन मूल्यों की प्रमुख संवाहक है। इसके विकास के लिए व्यवहारिक गतिविधियों के साथ-साथ राजकीय कार्यों में भी हिंदी को प्राथमिकता देना आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि अपनी सहजता, मधुरता और वैज्ञानिक दृष्टिकोण के कारण हिंदी ने वैश्विक स्तर पर भी विशेष पहचान बनाई है। बदलते समय की चुनौतियों के अनुरूप हिंदी को राजभाषा, संपर्क भाषा और ज्ञान की महत्वपूर्ण भाषा के रूप में बनाए रखने के लिए उसे तकनीकी रूप से और समृद्ध करने की जरूरत है।
कृष्ण कुमार यादव ने कहा कि हिंदी दिवस महज औपचारिक आयोजन नहीं, बल्कि उस भाषा का उत्सव है जिसने लोगों को जोड़ा, भावनाओं को अभिव्यक्ति दी और सपनों को शब्द दिए। उन्होंने लोगों से आत्मविश्वास के साथ हिंदी में कार्य करने और इसके विकास में योगदान देने की अपील की।
सहायक निदेशक (राजभाषा) अल्पेश शाह ने बताया कि हिंदी पखवाड़े के दौरान डाककर्मियों के लिए निबंध लेखन, काव्य-पाठ, हिंदी व्याकरण, प्रश्नोत्तरी, अनुवाद, तात्कालिक भाषण, हिंदी कार्यशाला और अंताक्षरी सहित विभिन्न प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी।
कार्यक्रम में सहायक निदेशक वारिस वहोरा, रितुल एन. गांधी, वरिष्ठ लेखाधिकारी पूजा राठोर सहित डाक विभाग के विभिन्न अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन गौरी शंकर कुमावत ने किया।



