
लखनऊ:- यूपी की राजधानी लखनऊ में आलमबाग पुलिस ने डीजल कॉलोनी निवासी मनराज मीना के खिलाफ बाल यौन शोषण सामग्री संबंधी सामग्री बेचने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया है।
पुलिस ने दरोगा अवनीश यादव की तहरीर पर कार्रवाई तो की है, पर आलमबाग थाने में तैनात दरोगा अवनीश ने बताया कि तेलंगाना साइबर सुरक्षा ब्यूरो हैदराबाद ने बीते 15 सितंबर को मुख्यालय पुलिस महानिदेशक और उप्र साइबर क्राइम मुख्यालय को पत्र भेजा था। इसमें अज्ञात पर बाल यौन शोषण की वीडियो की बिक्री करने का आरोप था।
मामले की जांच 24 अक्तूबर को दरोगा इंद्रपाल सिंह को दी गई थी। पत्र में दो मोबाइल नंबर लिखे हुए थे। जांच में सामने आया कि नंबर आलमबाग की डीजल कॉलोनी निवासी हरिकेश मीना के नाम पर थे। दरोगा इंद्रपाल ने संपर्क कर हरिकेश को पूछताछ के लिए आलमबाग थाने बुलाया तो वह बेटे मनराज के साथ पहुंचे। पूछताछ में पता चला कि दोनों नंबरों का इस्तेमाल मनराज करता है। जब मनराज के मोबाइल की जांच की गई, तो उसमें यौन शोषण संबंधी संदिग्ध चैट और पैसों का ट्रांजैक्शन से सम्बन्धित मैसेज थे। इस पर आलमबाग पुलिस के होनहार दरोगा इंद्रपाल ने मैसेज और चैट के स्क्रीनशॉट लेकर दोनों को हिदायत देकर छोड़ दिया। अतिरिक्त निरीक्षक फूलचंद के मुताबिक अभी तक आरोपी मनराज के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिले हैं। विवेचना में सारे साक्ष्य जुटाए जाने पर ही आरोपी को गिरफ्तार किया जाएगा.
यानी जो मिला व पर्याप्त नहीं, अब पुलिस को मैसेज और रुपए आदान प्रदान हो, तब जाकर मानेंगे। फिलहाल आरोपी पुलिस की गिरफ्त से मुक्त है और बाल यौन शोषण सामग्री बेच रहा है, पता नहीं पुलिस दिलचस्पी क्यों नहीं ले रही….?



