वाराणसीपूर्वांचल

नीट परीक्षा सहित सैकड़ो परीक्षाओ के पेपर लीक के मामले पर –

 नीट परीक्षा सहित सैकड़ो परीक्षाओ के पेपर लीक के मामले पर –

प्रधानमंत्री मोदी छात्र-छात्राओ के बीच परीक्षा पर चर्चा करने तो आते है लेकिन जब पेपर लीक हो जाता है तो पूरी मोदी सरकार मूक-बधिर हो जाती है।

नेता प्रतिपक्ष मा. राहुल गाँधी जी आज छात्रो की गूँज कार्यक्रम के द्वारा पेपर लीक से पीड़ित छात्र-छात्राओ, अभिभावको की आवाज बने हुए है।

नीट परीक्षा के तैयारी में 23 लाख प्रतियोगी छात्र और परिवार लगभग 1.32 लाख करोड रूपए खर्च करता है उतना ही देश का लगभग शिक्षा बजट 1.40 लाख करोड रूपए रह गया है।

डा.मनमोहन सिंह के यूपीए सरकार में शिक्षा पर कुल बजट का4.7 प्रतिशत बजट खर्च होता था आज मोदी जी की सरकार में इसका आधा लगभग 2.27 प्रतिशत खर्च हो रहा है।

शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह बर्बाद हो चुकी है जिसके चलते पिछले एक दशक में पीड़ित छात्र-छात्राओ की आत्महत्या की दर 65प्रतिशत बढा है। 

वर्ष,2018,2021,2024,2026 में नीट परीक्षा में गडबडियो एंव पेपर लीक के मामले पर आज लहुराबीर स्थित कांग्रेस कैम्प कार्यालय में पत्रकार वार्ता करते हुए कांग्रेस प्रवक्ता संजीव सिंह ने कहा-” पेपर लीक मामला मोदी सरकार के सत्ता में आते ही 2015 में जब एआईपीएमटी ( वर्तमान नीट) से ही शुरूआत हो गया था।देश में युवाओ और छात्रो के भविष्य के साथ लगातार हो रही भयावह त्रासदी के बावजूद केंद्रीय शिक्षा मंत्री श्री धर्मेंद्र प्रधान ने नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफ़ा नहीं दिया।कांग्रेस पार्टी केंद्रीय शिक्षा मंत्री के तत्काल इस्तीफे की माँग करती है। क्यों री-नीट परीक्षा में कई जगह अनियमितता और भ्रष्टाचार प्रकाश में आया है।”

 

पत्रकार वर्ता के शुरुआत में लखनऊ के कोचिंग में हुए अग्निकांड में मृतक छात्र-छात्राओ के प्रति दो मिनट का मौन धारण कर शोक व्यक्त करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित किया गया।

विगत 03मई 2026 को आयोजित नीट परीक्षा जिसमें कुल लगभग 23 लाख परीक्षार्थी शामिल हुए थे उसमें बड़े पैमाने पर प्रश्न लीक हुए जिसकी खबर सोशल मीडिया के माध्यम से पूरे देश में सार्वजनिक हुआ।दबाव में आकर केन्द्र सरकार को परीक्षा रद्द करना पड़ा और दुबारा परीक्षा कराना पड़ा। 

 

सिंह ने कहा-” कि राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित होने वाली नीट परीक्षा के अलावा सीबीएसई की आन स्क्रीन मार्किंग (ओ.एस.एम) में गडबडियों के अलावा उत्तर प्रदेश में लेखपाल भर्ती,दरोगा भर्ती,सिपाही भर्ती, आरओ-एआरओ भर्ती,एसएससी जीडी भर्ती, सहायक प्रोफेसर भर्ती हो ऐसी दर्जंनो प्रतियोगिता परीक्षाओ के पेपर लीक के माध्यम से भाजपा सरकार के भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गई।हाल ही मे हुई नीट की परिक्षा में पेपर लीक के बाद कांग्रेस पार्टी द्वारा आवाज़ उठाने एंव सड़को पर संघर्ष करने के चलते सरकार को पुनः परीक्षा कराने पर मजबूर किया।”

 

नीट पेपर लीक से पैदा हुए मानसिक तनाव के कारण देश के विभिन्न राज्यों में एक दर्जन से ज्यादा छात्र छात्रा अपनी जान गंवा चुके है।कांग्रेस पार्टी इसे आत्महत्या नहीं बल्कि सरकार उत्प्रेरित हत्या मानती है। 

 

राजस्थान में प्रदीप मेघवाल, दिल्ली में अंशिका पाण्डेय, उ.प्र. मे रितिक मिश्रा,शिवानी यादव,गोवा में सिध्दार्थ हेगड़े, कर्नाटक में भाग्यश्री,म.प्र.में आकांक्षा चतुर्वेदी, राजस्थान में उमेश माली,रेणु मीणा,उत्तराखंड में रिया कुमारी थापा,तमिलनाडु मे अनुकीर्तना,गुजरात में कहान पटेल ने मानसिक तनाव के चलते अपनी जान दे दी।

 

सिंह ने कहा- दुर्भाग्यपूर्ण है कि परीक्षा के प्रश्न पत्र छपने के बाद बिचौलियों के जरिये परीक्षा से पहले बडी संख्या में प्रश्न पत्र बेचें जाते है।जांच में कुछ छात्रो ने बताया कि उन्होने लीक पेपर के लिए 25 से 40 हज़ार रूपये तक चुकाये है।पिछले 12 वर्षो में 23 राष्ट्रीय परीक्षाओ के पेपर लीक हुए अर्थात हर वर्ष दो पेपर लीक हुए। अब तक देश भर में 89 से ज्यादा परीक्षाओ के पेपर लीक हो चुके है लेकिन दोषियों को सजा मिलने न के बराबर है जैसे 2024 के नीट पेपर लीक में लगभग सभी पेपर लीक के अपराधी छूट चुके है और मामले मे क्लोजर रिपोर्ट भी लग गई जिसे लेकर कोर्ट ने सीबीआई को फटकार तक लगाया।

 

बार-बार पेपर लीक और छात्र-छात्राओ, अभिभावको की पीड़ा देखकर आहत नेता प्रतिपक्ष राहुल गाँधी ने छात्रो से सीधा संवाद स्थापित करके शिक्षा व्यवस्था एंव प्रतियोगी परीक्षाओ में अमूलचूल परिवर्तन के लिए सुझाव प्राप्त करने हेतु छात्रो की गूंज कार्यक्रम के माध्यम से कार्यक्रमों की श्रंखला कोटा से आरम्भ किया है।क्योंकि प्रधानमंत्री मोदी अक्सर छात्र-छात्राओ के बीच परीक्षा पर चर्चा करते है लेकिन पेपर लीक होने पर न अपने आते है न कोई भाजपा का नेता जवाब देता है।

 

राहुल गांधी ने कोटा में छात्र संवाद कार्यक्रम में कहा कि एजुकेशन सिस्टम हिन्दुस्तान के सबसे गरीब और मध्यम वर्ग के लोगों से नीट परीक्षा की तैयारी का औसत खर्च एक लाख बत्तीस हज़ार करोड रूपये आता है। जो देश के शिक्षा के बजट एक लाख चालीस हजार करोड के लगभग बराबर है।

 

देश के पांच प्रमुख प्रतियोगिता परीक्षाओं नीट ,एसएससी, यूपीएससी,आरआरबी,जेईई के लिए उतना पैसा खर्च होता है जो कि भारत सरकार के शिक्षा बजट का तीन गुना है। इसको इस प्रकार स्पष्ट किया जा सकता है कि एसएससी कुल छात्र 0.2 करोड खर्च 2 लाख करोड रूपए, यूपीएससी कुल छात्र 5 लाख खर्च 0.25 लाख करोड रूपये,आरआरबी कुल छात्र 3.58 लाख खर्च 0.36 लाख करोड, जेईई कुल छात्र 15 लाख खर्च 1.3 लाख करोड रूपए,नीट कुल छात्र 23लाख खर्च 1.32लाख करोड रूपए। गाँधी ने कहा कि जेन जी परिवार 3.5 लाख करोड रूपए शिक्षा पर खर्च करता है जो देश के पाँच प्रमुख मंत्रालयों के बजट के बराबर है जिसमें शिक्षा स्वास्थ्य,श्रम,विज्ञान एंव तकनीकी तथा महिला एंव बाल विकास मंत्रालय शामिल है।( श्रोत- एनटीए,इंडियन एक्सप्रेस, मीडिया रिपोर्ट्स, कोचिंग सेंटर)

 

वर्तमान शिक्षा व्यवस्था असफलता के चरम पर है।यह प्रत्येक एक हज़ार छात्रो में से महज 12 छात्रो को सैलरी वाले जाब,शेष 297 बेरोजगार अथवा बिना काम के होकर कर्ज,नशा,नफ़रत,नक्कारापन की राह पर चले आते है।691 छात्रो के हिस्से अनौपचारिक और असुरक्षित काम आता है जिसमें गिग वर्क,मनरेगा, स्वरोजगार आदि है।29.1 प्रतिशत स्नातक युवा बेरोज़गार है और छात्रो की आत्महत्या की दर पिछले एक दशक मे 65 प्रतिशत तक बढ़ गई है।

 

सिंह ने कहा-“छात्रो की गूंज कार्यक्रम के माध्यम से लोकसभा मे नेता प्रतिपक्ष मा.राहुल गाँधी जी एक नई शिक्षा व्यवस्था की नींव रखना चाहते है जिसमें देशभर के छात्र-छात्राओ की आवाज शामिल हो।एक ऐसी व्यवस्था जो युवाओ को बड़े सपने देखने का मौका दे उन्हे पूरा करने मे मदद करे और खर्च भी छात्र-छात्राओ के अभिभावकों के क्षमता के अनुरूप हो।”

 

राहुल गाँधी ने कोटा में संबोधित करते हुए कहा था कि मौजूदा शिक्षा व्यवस्था में सिस्टम रिजेक्शन का हो चुका है और यह एक रिएक्शन सिस्टम बन गया है।एनटीए के अधीन सभी परीक्षाये ला दि गई है एनटीए सरकार को,जवाबदेह है न कि छात्रो को।यदि किसी परीक्षा में गडबडी हुई तो लाखो छात्रो पर इसका असर पड़ता है जिसके कारण यह संस्था बेलगाम और भ्रष्टाचार के आकंठ में डूब चुकी है।

 

नीट परीक्षा 2024मे पेपर लीक हुआ तत्कालीन नीट परीक्षा महानिदेशक को पद से हटना पड़ा किन्तु बाद में उन्हे बडे पद से पदोन्नत कर दिया गया।इस बार भी महानिदेशक पूरी तरह शक के जब्त मे है।जब पहले भी एनटीए पूरी तरह भ्रष्टाचार में डूबी मिली तो सरकार ने फिर कडे कदम क्यों नहीं उठाया ?

राहुल गाँधी छात्रो की बात सुनना चाहते है और उन विचारो से अवगत होकर छात्र-छात्राओ के साथ कंधा मिलाकर चलना चाहते है।

नीट और सीबीएसई का घोटाला शिक्षा इस महा भ्रष्टाचार का अंशमात्र है।पूरी शिक्षा व्यवस्था ही निजीकरण, केंद्रीयकरण और संघीकरण के अधीन चल रही है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र दामोदर दास मोदी ने शिक्षा व्यवस्था का बजट आधा कर दिया है। डा. मनमोहन सिंह के सरकार में शिक्षा का बजट 4.7 प्रतिशत तक दिया था आज यह बजट मात्र 2.4 प्रतिशत रह गया है।

2005 मे 71 प्रतिशत बच्चे सरकारी स्कूल में पढ़ते थे जबकि आज यह आंकडा 49 प्रतिशत है। इस दौरान लगभग 1 लाख सरकारी स्कूल बंद हुए और 50हजार से ज्यादा निजी स्कूल खुले।आज हर 100 कालेजो में से 80 कालेज निजी क्षेत्र के है।देश में हर घंटे एक स्कूल बंद हो रहा है। करीब दस लाख शिक्षको के पद रिक्त है। 98 हज़ार 592 स्कूलो में लड़कियों के लिए शौचालय तक नही है।

आम परिवारो को मंहगे निजी स्कूलो की तरफ इस सरकार ने ढकेल दिया है।जुन परिवारो की सलाना आय 2 लाख रूपये तक है उनका 40 प्रतिशत बच्चो की शिक्षा पर खर्च करना पड रहा यहा तक अपनी संपति बेंचकर या गिरवी रखकर उन्हे पढाना पड रहा है।

 संजीव ने कहा-” भारत की शिक्षा व्यवस्था आज सिर्फ एक वसूली तंत्र बनकर रह गया है।इन्ही पीड़ा को लेकर श्री राहुल गाँधी जख पूरे देश मे छात्रो की गूंज कार्यक्रम अभियान के माध्यम से निष्पक्ष और सस्ती बेहतर शिक्षा प्रणाली की आवाज बनेगें। छात्रो की गूंज अभियान पूरे देश में कांग्रेस पार्टी के अग्रिम संगठन एनएसयूआई, युवा कांग्रेस के माध्यम से इसे चलाया जायेगा। जहाँ श्री राहुल गाँधी जी ने कोटा से संवाद के माध्यम से इस अभियान की शुरुआत कर दिया है और आगे प्रयागराज, पटना और दिल्ली मे भी छात्र-छात्राओ के साथ छात्रो की गूंज कार्यक्रम में श्री राहुल गाँधी जी शामिल होगे।

जिला व महानगर अध्यक्ष राजेश्वर सिंह पटेल व राघवेन्द्र चौबे ने सयुक्त रूप से कहा आगामी 10 जुलाई को ” शिक्षा बचाओ-भविष्य बचाओ के तहत ” छात्रो की गूंज” कार्यक्रम में राहुल गाँधी छात्रो से संवाद करने प्रयागराज आ रहे है जिसमे सभी छात्र-छात्राओ, अभिभावको को शामिल होने के लिए 08044186998 मोबाईल नंबर पर मिस्ड काल कर प्रतिभाग एंव अपने विचार रखने की अपील किया।

आज के पत्रकार वार्ता में प्रमुख रूप से प्रदेश प्रवक्ता सजीव सिंह,जिलाध्यक्ष राजेश्वर सिंह पटेल,महानगर अध्यक्ष राघवेन्द्र चौबे,फ़साहत हुसैन बाबू,पार्षद दल नेता गुलशन अली,डॉ राजेश गुप्ता,सतनाम सिंह,अरुण सोनी,वकील अंसारी,मयंक चौबे,संतोष चौरसिया, अब्दुल हमीद डोडे,मो उज्जैर, किशन यादव शामिल रहे। 

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